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Satta Matka: ग्वालियर का कुख्यात आईपीएल सट्टेबाज संतोष घुरैया जिसने विदेशों तक अपना नेटवर्क फैला लिया

Satta Matka: ग्वालियर का कुख्यात आईपीएल सट्टेबाज संतोष घुरैया जिसने विदेशों तक अपना नेटवर्क फैला लिया
UP City News | Sep 29, 2022 06:24 PM IST

नई दिल्ली: सट्टा-मटके (Satta Matka) का कारोबार अंबर बेल की तरह देश के कोने-कोने में अपनी जड़ें फैलाता जा रहा है. पुलिस की सख्त कार्रवाई के बाद भी सट्टेबाज (Sattebaaz) नए तरीके का इस्तेमाल कर इस काले धंधे से रोज करोड़ों रुपये कमा रहे हैं. मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के कई जिलों में भी सट्टेबाजी का काला कारोबार फैल चुका है. बीते कुछ दिनों में जो नाम एमपी में बार-बार सट्टेबाजी को लेकर चर्चा में आया वो था ग्वालियर (Gwalior) के सट्टेबाज संतोष घुरैया (Satta King Santosh Ghuraiya) का. इसे ऑनलाइन IPL सट्टेबाजी (Online Ipl Sattebaazi) का मास्टर माना जाता है. ऐसा कहा जाता है कि संतोष घुरैया ने बीते दशक में सट्टे की काली कमाई से कई सौ करोड़ की संपत्ति बना ली है. हैरानी इस बात की है बीते दो सालों के अंदर संतोष को दो बार पकड़ा गया वो भी दिल्ली एयरपोर्ट (Delhi Airport) से. दोनों बार वह आसानी से जमानत पर बाहर आ गया. उसके दोस्तों के लिए वो एक लग्जरी लाइफ जीने वाला अरबपति सट्टा मटका किंग संतोष घरैया है और जो बार-बार दुबई (Dubai) की यात्रा करता है. घुरैया का नेटवर्क मध्य प्रदेश के कई जिलों में फैला हुआ है. एमपी पुलिस ने कई बार उसका नेटवर्क तोड़ने की कोशिश की हैं लेकिन हर बार उसका नेटवर्क नए एजेंटों और नई बैटिंग साइट के रूप में सामने आता है.

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कौन है संतोष घुरैया Who is Santosh Ghuraiya?
करीब दशकभर पहले शायद ही किसी को अंदाज रहा होगा कि बुरे हाल में मुरार के बाजार में घूमने वाला संतोष घुरैरा इतना बड़ा सट्टेबाज बन जाएगा. संतोष घुरैरा ग्वालियर के पारसेन गांव का रहने वाला है. कई साल पहले वह झांसी के बड़े सट्टेबाज प्रेम खटीक (Prem Khatik) से मिला और उसकी निगरानी में छोटा-मोटा सट्टेबाजी का अवैध कारोबार करने लगा पर गुरु चेले का यह साथ ज्यादा दिन तक चला नहीं. दरअसल ऑनलाइन सट्टेबाजी (Online Sattebaazi) में प्रेम खटीक को माहिर माना जाता था. संतोष ने प्रेम खटीक से काम सीखकर अपनी अलग सट्टेबाजी की वेबसाइट बना ली. यहीं से दोनों की राहें अलग हो गईं.

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कैसे बनाया नेटवर्क
संतोष घुरैया ने आईपीएल पर ऑनलाइन सट्टेबाजी को अपना आधार बनाया. उसने अपनी 99 हब नाम की वेबसाइट बनाई और अपने एजेंटों के जरिए ऑनलाइन सट्टे लगवाने लगा. धीरे-धीरे उसने मध्य प्रदेश में ग्वालियर के अलावा भोपाल (Bhopal) और इंदौर (Indore) में भी अपनी जड़ें मजबूत कर लीं. इसके अलावा गोवा (Goa) और झांसी (Jhansi) में भी उसके गुर्गों की मौजदगी देखी गई. आईपीएल सट्टेबाजी ने उसके दिन बदल दिए. बीते 5 सालों में उसने ऑनलाइन सट्टेबाजी से करोड़ों रुपए बना लिए. संतोष बाद में दिल्ली-गुड़गांव में रह कर ग्वालियर और आसपास के इलाकों में अपनी सट्टा वेबसाइट के जरिए धंधे को चलाने लगा. इस दौरान उसने अपनी गुरु प्रेम खटीक के सट्टेबाजी के अवैध करोबार को आधा कर दिया. दरअसल संतोष अपने काले धंधे को किसी चिटफंड की तरह चला रहा था जिसे उसने एक विशाल नेटवर्क मे तब्दील कर दिया. जानकार मानते हैं कि संतोष ने अपने सट्टेबाजी के एजेंटों का एक विशाल नेटवर्क बना लिया है. ऐसा कहा जाता है कि अकेल ग्वालियर में ही अंडरग्राउंड रह कर उसके चार दर्जन से ज्यादा पंटर काम कर रहे हैं.

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पुलिस की कार्रवाई
करोड़ों रुपये का अवैध सट्टेबाजी का व्यापार ज्यादा दिन तक पुलिस से छुपा नहीं रह सकता था. संतोष घुरैया के मामले में भी ऐसा ही हुआ. ग्वालियर पुलिस (Gwalior Police) को धीरे-धीरे उसके विशाल सट्टेबाजी नेटवर्क का अंदाजा हो गया. करीब तीन साल पहले पुलिस ने उसके खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी. पुलिस ने तब संतोष घुरैया का गैंग तो पकड़ लिया लेकिन संतोष हाथ नहीं आया. वह पुलिस को हर बार चकमा देने में कामयाब रहा. हैरानी इस बात की थी कि ग्वालियर और उसके आसपास के इलाके में जो भी सट्टेबाज पकड़ा जाता उसका कनेक्शन कहीं न कहीं संतोष घुरैया से जरूर निकलता था. संतोष घुरैया के खिलाफ कई मामले भी पुलिस ने दर्ज किए. सट्टे के लिए जो ऑनलाइन ऑपरेशन संतोष घुरैया चला रहा था उसका आईपी एड्रेस सऊदी अरब और उज्बेकिस्तान में निकला था. पुलिस के बढ़ते दबाव के बीच बीते साल संतोष ने मई में उज्बेकिस्तान जाने की कोशिश की थी लेकिन पुलिस ने उसे दिल्ली एयरपोर्ट से पकड़ लिया. हालांकि वह कुछ ही घंटों में जमानत पर बाहर आ गया. इस साल जुलाई में उसने दुबई जाने की कोशिश तो पुलिस ने उसे फिर दिल्ली एयरपोर्ट से पकड़ लिया. इस बार फिर वह कुछ ही घंटों में जमानत पर छूट गया. हालांकि कोर्ट ने संतोष को बिना इजाजत विदेश जाने पर रोक लगा दी.

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कई सौ करोड़ का मालिक
कहा जाता है संतोष घुरैया ने सट्टेबाजी के दम पर अकूत संपत्ति जमा कर ली है. संतोष के दिल्ली, नोएडा और गोवा में भारी संपत्ति खरदने की खबरें हैं कहा जा रहा है संतोष ने विदशों में भी संपत्ति खरीदी है. लग्जरी लाइफ के शौकीन संतोष घुरैया अक्सर दुबई जाता आता रहता है साथ में वह मुरार के कुछ दोस्तों की भी अपने खर्चे पर ले जाता है और वहां जमकर मौज मस्ती करता है. वह विदेश से ही अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर अपनी फोटो अपलोड करता रहा है. संतोष की करोड़ों की संपत्ति अपनी पत्नी के नाम भी करवाई है. सन् 2018 के बाद संतोष घुरैया ने जमीन व क्रशर के धंधे में भी पैसा लगाना शुरू दिया. संतोष घुरैया का नेटवर्क खत्म करने में जुटी पुलिस अब उसकी संपत्ति और आय के श्रोत की पड़ताल के लिए ईडी को भी पत्र लिखने की तैयारी कर रही है.

संतोष घुरैया के गुर्गे
बीते एक दशक के दौरान संतोष घुरैया ने गुर्गों का नेटवर्क भी खड़ा किया है. इसमें पहले नंबर पर आता है आकाश राणा जो ग्वालियर और उसके आस पास के इलाकों में संतोष का काम देता है. इसके अलावा आईपीएल सट्टे से आने वाली बड़ी रकम जमा करने से लेकर एजेंट बनाने का काम भी यही देखता है. हाल ही में उसे गिरफ्तार किया गया था. हाल फिलहाल वह जमानत पर बाहर है. इसके अलावा सागर नाम के एक शख्स को भी उसका करीबी गुर्गा बताया जाता है. इसी साल 14 अप्रैल को ग्वालियर में पकड़े गए दो सट्टेबाजों ने सागर का नाम लिया था. 12 सितंबर को पुलिस ने संतोष के दो और गुर्गे आकाश राणा और अनमोल गिरफ्तार किए जो संतोष की सट्टा वेबसाइट 1244 क्रिकेट पर सट्टा खिला रहे थे. इस मामले में पुलिस ने संतोष घुरैया के खिलाफ भी केस दर्ज किया था.

सट्टेबाजी की इस काली दुनिया का संतोष घुरैया एक और किरदार भर है. ऐसे कई सट्टा किंग देशभर में इस काले कारोबार को चला रहे हैं जिन पर समय रहते पुलिस को सख्त से सख्त कार्रवाई करने की जरूरत है. सट्टे और जुए का यह अवैध करोबार कई युवाओं को भी अपनी चपेट में ले लिया और कई लोगों को जल्दी पैसा कमाने का लालच बर्बाद कर रहा है.

डिस्क्लेमर : हम किसी भी तरह से सट्टा, जुआ या इस तरह की गैर-कानूनी गतिविधियों को प्रोत्साहित नहीं करते हैं. इस लेख को यहां पब्लिश करने का उद्देश्य आपको सिर्फ जानकारियों से अपडेट रखना है.