सिटी न्यूज़

आज का इतिहास: तब द्वितीय विश्वयुद्ध में जापान को हराने के लिए अमेरिका, ब्रिटेन और चीनी ने बनाई थी ये रणनीति

आज का इतिहास: तब द्वितीय विश्वयुद्ध में जापान को हराने के लिए अमेरिका, ब्रिटेन और चीनी ने बनाई थी ये रणनीति
UP City News | Nov 22, 2021 08:18 AM IST

नई दिल्ली. इतिहास के पन्नों को पलटेंगे तो कई ऐसी रोचक और महत्वपूर्ण तथ्य सामने आएंगे जिन्हें पहले कभी नहीं जानते थे. 22 नवंबर को पूरी दुनिया में बेहद खास घटनाएं घटी जिन्हें जानना हर नागरिक के लिए जरूरी है. बहुत सी घटनाएं बेहद सुखुद रहीं तो बहुत से हादसों में पूरे विश्व को हिलाकर रख दिया. यूपी सिटी आपको 22 नवंबर के इतिहास को आपके सामने रखने जा रहा है. जो बेहद महत्वपूर्ण है.

ऐसे लड़ा गया था द्वितीय विश्वयुद्ध
सन 1943 में द्वितीय विश्वयुद्ध के दौरान जापान को हराने के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति फ्रैंकलिन डेलानो रूज़वेल्ट, ब्रिटिश प्रधानमंत्री विंस्टन चर्चिल और चीनी शासक च्यांग काई शेक के बीच मंत्रणा हुई.सन 1989 को आज ही के दिन मंगल, शुक्र, शनि, यूरेनस, नेप्च्यून और चंद्रमा एक ही सीध में आये.मिस वर्ल्ड प्रतियोगिता के आयोजन के विरोध में 2002 में नाइजीरिया में भड़के दंगे में सैंकड़ों लोग मारे गये.
द्वितीय विश्वयुद्ध 1939 से 1945 तक चलने वाला विश्व-स्तरीय युद्ध था. लगभग 70 देशों की थल-जल-वायु सेनाएं इस युद्ध में सम्मलित थीं. इस युद्ध में विश्व दो भागों मे बंटा हुआ था. मित्र राष्ट्र और धुरी राष्ट्र. इस युद्ध के दौरान पूर्ण युद्ध का मनोभाव प्रचलन में आया क्योंकि इस युद्ध में लिप्त सारी महाशक्तियों ने अपनी आर्थिक, औद्योगिक तथा वैज्ञानिक क्षमता इस युद्ध में झोंक दी थी. इस युद्ध में विभिन्न राष्ट्रों के लगभग 10 करोड़ सैनिकों ने हिस्सा लिया, तथा यह मानव इतिहास का सबसे ज़्यादा घातक युद्ध साबित हुआ. इस महायुद्ध में 5 से 7 करोड़ व्यक्तियों की जानें गईं क्योंकि इसके महत्वपूर्ण घटनाक्रम में असैनिक नागरिकों का नरसंहार- जिसमें होलोकॉस्ट भी शामिल है तथा परमाणु हथियारों का एकमात्र इस्तेमाल शामिल है (जिसकी वजह से युद्ध के अंत मे मित्र राष्ट्रों की जीत हुई). इसी कारण यह मानव इतिहास का सबसे भयंकर युद्ध था.

हालांकि जापान चीन से सन् १९३७ ई. से युद्ध की अवस्था में था. किन्तु अमूमन दूसरे विश्व युद्ध की शुरुआत एक सितम्बर 1939 में जानी जाती है जब जर्मनी ने पोलैंड पर हमला बोला और उसके बाद जब फ्रांस ने जर्मनी पर युद्ध की घोषणा कर दी तथा इंग्लैंड और अन्य राष्ट्रमंडल देशों ने भी इसका अनुमोदन किया.जर्मनी ने १९३९ में यूरोप में एक बड़ा साम्राज्य बनाने के उद्देश्य से पोलैंड पर हमला बोल दिया. 1939 के अंत से 1941 की शुरुआत तक, अभियान तथा संधि की एक शृंखला में जर्मनी ने महाद्वीपीय यूरोप का बड़ा भाग या तो अपने अधीन कर लिया था या उसे जीत लिया था. नाट्सी-सोवियत समझौते के तहत सोवियत रूस अपने छः पड़ोसी मुल्कों, जिसमें पोलैंड भी शामिल था, पर क़ाबिज़ हो गया. फ़्रांस की हार के बाद युनाइटेड किंगडम और अन्य राष्ट्रमंडल देश ही धुरी राष्ट्रों से संघर्ष कर रहे थे, जिसमें उत्तरी अफ़्रीका की लड़ाइयां तथा लम्बी चली अटलांटिक की लड़ाई शामिल थे. जून 1941 में युरोपीय धुरी राष्ट्रों ने सोवियत संघ पर हमला बोल दिया और इसने मानव इतिहास में ज़मीनी युद्ध के सबसे बड़े रणक्षेत्र को जन्म दिया. दिसंबर 1941 को जापानी साम्राज्य भी धुरी राष्ट्रों की तरफ़ से इस युद्ध में कूद गया. दरअसल जापान का उद्देश्य पूर्वी एशिया तथा इंडोचायना में अपना प्रभुत्व स्थापित करने का था. उसने प्रशान्त महासागर में युरोपीय देशों के आधिपत्य वाले क्षेत्रों तथा संयुक्त राज्य अमेरीका के पर्ल हार्बर पर हमला बोल दिया और जल्द ही पश्चिमी प्रशान्त पर क़ब्ज़ा बना लिया.

22 नवंबर की महत्त्वपूर्ण घटनाएँ
-सन 1943 में द्वितीय विश्वयुद्ध के दौरान जापान को हराने के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति फ्रैंकलिन डेलानो रूज़वेल्ट, ब्रिटिश प्रधानमंत्री विंस्टन चर्चिल और चीनी शासक च्यांग काई शेक के बीच मंत्रणा हुई.
-डलास (टेक्सास) में 1963 में सं.रा. अमेरिका के राष्ट्रपति जॉन एफ़, केनेडी की हत्या.
-जुआन कार्लोस 1975 में स्पेन के राजा बने.
-सन 1989 को आज ही के दिन मंगल, शुक्र, शनि, यूरेनस, नेप्च्यून और चंद्रमा एक ही सीध में आये.
-ब्रिटिश प्रधानमंत्री मार्गरेट थैचर द्वारा 1990 में त्यागपत्र की घोषणा.
-भारत की डायना हेडेन 1997 में विश्व सुंदरी बनी.
-मिस वर्ल्ड प्रतियोगिता के आयोजन के विरोध में 2002 में नाइजीरिया में भड़के दंगे में सैंकड़ों लोग मारे गये.
-हिन्दी के प्रख्यात कवि कुंवर नारायण को वर्ष 2005 के ज्ञानपीठ पुरस्कार हेतु चुना गया.
-भारत और वैश्विक कंसोर्टियन के छह अन्य देशों ने 2006 में सूर्य की तरह ऊर्जा पैदा करने वाले प्राथमिक फ़्यूजन रिएक्टर की -स्थापना करने के लिए पेरिस में ऐतिहासिक समझौता किया.
-ब्रिटेन में अवैध प्रवासी की समस्या पर काबू पाने के लिए 2007 में कड़ी घोषणायें की गईं।
22 नवंबर को जन्मे व्यक्ति
-दुनिया की मशहूर ट्रेवल कंपनी थॉमस कुक एंड संस के संस्‍थापक थॉमस कुक का जन्‍म 1808 में हुआ था.
-अंग्रेजो के खिलाफ आजादी की जंग छेड़ने वाली रानी लक्ष्‍मीबाई की सेना की मुख्‍य सदस्‍य झलकारी बाई का जन्‍म 1830 में हुआ था.
-भारत की प्रथम महिला चिकित्सक रुक्माबाई का जन्‍म 1864 में हुआ था.
-भारत के प्रसिद्ध उद्योगपतियों में से एक वालचंद हीराचंद का जन्‍म 1882 में हुआ था.
-‘भारतीय स्वतंत्रता संग्राम’ में महात्मा गाँधी के सिद्धांतों से प्रभावित होकर खादी का प्रचार करनेवाली एक ब्रिटिश सैन्‍य अधिकारी की पुत्री मीरा बेन का जन्‍म 1892 में हुआ था.
-भारतीय स्वतंत्रता सेनानी शहीद लक्ष्मण नायक का जन्म 1899 में हुआ.
वरिष्ठ भारतीय स्वतंत्रता सेनानी शांति घोष का जन्म 1916 में हुआ.
-समाजवादी पार्टी के मुखिया और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव का जन्म 1939 में हुआ.
-नौकायन में भारत के प्रसिद्ध खिलाड़ियों में गिने जानेवाले पुष्पेन्द्र कुमार गर्ग का जन्म 1963 में हुआ.
22 नवंबर को हुए निधन
-भारत के स्वतंत्रता सेनानियों में से एक अहमदुल्लाह का निधन 1881 में हुआ.
-प्रसिद्ध राजनीतिज्ञ तथा कट्टर सिक्ख नेता तारा सिंह का निधन 1967 में हुआ.
-मध्य प्रदेश के पूर्व राज्यपाल और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री राम नरेश यादव का निधन 2016 में हुआ.
-हिन्दी और भोजपुरी भाषा के प्रसिद्ध साहित्यकार विवेकी राय का निधन 2016 में हुआ.